Maa Ka Darshan Jisne Paya Usane Paya Amrit Fal Lyrics
माँ का दर्शन जिसने पाया,
उसने पाया अमृत फल,
जय माता की कहता चल,
जय माता की कहता चल।।
ऊँचें पहाड़ो वाली माता,
सबकी झोली भरती हैं,
माँ चरणों में सबका हल,
माँ चरणों मे सबका हल,
जय माता की कहता चल,
जय माता की कहता चल।।
ओ मन मूरख नाम सुमरले,
शेरा वाली माता का,
तज कर पाप कपट और छल,
तज कर पाप कपट और छल,
जय माता की कहता चल,
जय माता की कहता चल।।
शेरा वाली माता तेरे,
सारे दुखड़े हर लेवेगी,
जो जप लेगा पल दो पल,
जो जप लेगा पल दो पल,
जय माता की कहता चल,
जय माता की कहता चल।।
माँ का रूप बसा कर मन में,
राजेंद्र जय माता की बोल,
होंगे सारे काम सफल,
होंगे सारे काम सफल,
जय माता की कहता चल,
जय माता की कहता चल।।
माँ का दर्शन जिसने पाया,
उसने पाया अमृत फल,
जय माता की कहता चल,
जय माता की कहता चल।।
गायक / प्रेषक – राजेन्द्र प्रसाद सोनी।