मेरे हृदय में हर पल बिराजे झांकी सियाराम की

Mere Hriday Mein Har Pal Viraje Jhanki Siyaram Ki

तेरी मणियों की है जो ये माला,
नहीं है मेरे किसी काम की।
मेरे हृदय में हर पल बिराजे,
है झांकी मेरे सियाराम की।
अरे मैं तो हूं सेवक,
राजा राम सरकार का।
चाकर हूं मैं तो इनके,
राम दरबार का।
तेरी मणियों की है जो ये माला,
नहीं है मेरे किसी काम की॥

जीवन में पल मुझको,
नहीं मंजूर वो।
जीवन में पल मुझको,
नहीं मंजूर वो।
जिसमें ये सेवक अपने,
स्वामी से दूर हो।
तेरी मणियों की है जो ये माला,
नहीं है मेरे किसी काम की॥

शबरी अहिल्या और जटायु,
केवट का उद्धार किया।
शबरी अहिल्या और जटायु,
केवट का उद्धार किया।
रावण कुंभकरण खरदूषण,
जैसों का संहार किया।
तेरी मणियों की है जो ये माला,
नहीं है मेरे किसी काम की॥

मुझको दौलत ना कोई,
धन दाम चाहिए।
मुझको दौलत ना कोई,
धन दाम चाहिए।
आंखें खोलू तो आगे,
सियाराम चाहिए।
तेरी मणियों की है जो ये माला,
नहीं है मेरे किसी काम की॥

तेरी मणियों की है जो ये माला,
नहीं है मेरे किसी काम की।
मेरे हृदय में हर पल बिराजे,
है झांकी मेरे सियाराम की।
अरे मैं तो हूं सेवक,
राजा राम सरकार का।
चाकर हूं मैं तो इनके,
राम दरबार का।
तेरी मणियों की है जो ये माला,
नहीं है मेरे किसी काम की॥

Singer – Brijraj Singh Lakkha

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